ईरान के विदेश मंत्री जवाद जरीफ ने दिल्ली में हुई हिंसा की निंदा की। उन्होंने भारतीय अधिकारियों से लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और ‘संवेदनहीन’ हिंसा का शिकार न होने देने की अपील की है। भारत के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने गुरुवार को कहा था कि एजेंसियां हिंसा को रोकने और सामान्य स्थिति बनाने और फिर से भरोसा कायम करने के लिए जमीनी स्तर पर काम कर रही हैं। रवीश ने अंतरराष्ट्रीय निकायों से इस संवेदनशील समय पर गैर जिम्मेदाराना बयान नहीं देने का आग्रह किया है। जरीफ के बयान को लेकर भारत में ईरान के राजदूत अली चेगेनी को मंगलवार को विदेश मंत्रालय ने तलब किया।
जरीफ ने ट्वीट किया- ईरान भारतीय मुसलमानों के खिलाफ संगठित हिंसा की निंदा करता है। सदियों से ईरान भारत का दोस्त रहा है। हम भारतीय अधिकारियों से आग्रह करते हैं कि वे सभी लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करें और उनके साथ कोई अन्याय न होने दें। शांतिपूर्ण संवाद और कानून में ही आगे का रास्ता निहित है।
इमरान खान ने भी दिल्ली हिंसा की निंदा की थी
इससे पहले पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने भी दिल्ली हिंसा को लेकर भारत सरकार पर निशाना साधा था। उन्होंने ट्वीट किया था- भारत में 20 करोड़ मुसलमानों को निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने दिल्ली हिंसा की तुलना जर्मनी में यहूदियोें पर हुए हमले से की। इमरान ने कहा था कि नाजियों से प्रेरित आरएसएस ने परमाणु हथियार वाले देश पर कब्जा कर लिया है।
दिल्ली हिंसा में आईबी और पुलिस के हेड कॉन्स्टेबल की मौत हुई थी
दिल्ली में नागरिकता संशोधित कानून (सीएए) को लेकर हुई हिंसा में 47 लोग मारे गए। भीड़ ने घरों, दुकानों, वाहनों, पेट्रोल पंप में आग लगा दी। साथ ही पुलिसकर्मियों पर पथराव किया। हिंसा में दिल्ली पुलिस और आईबी के हेड कॉन्स्टेबल की मौत हो गई थी।